
अदाणी पोर्ट की बड़ी छलांगः एपीएसईज़ेड ने किया 500 मिलियन टन कार्गो हैंडलिंग का आंकड़ा पार
अहमदाबाद, 1 अप्रैल, 2026: भारत के सबसे बड़े इंटीग्रेटेड ट्रांसपोर्ट यूटिलिटी और देश के अग्रणी पोर्ट डेवलपर और ऑपरेटर अदाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक ज़ोन लिमिटेड (एपीएसईज़ेड) ने कार्गो ढुलाई में बड़ी छलांग लगाई है। उसने 500 मिलियन टन कार्गो हैंडलिंग का महत्वपूर्ण आंकड़ा पार कर लिया है।
यह उपलब्धि एपीएसईज़ेड के सफर में एक बड़ा पड़ाव है और यह भारत में तेजी से हो रहे इंफ्रास्ट्रक्चर विकास की मजबूत तस्वीर भी पेश करती है। यह एक ऐसे वर्ल्ड-क्लास लॉजिस्टिक्स प्लेटफॉर्म के निर्माण को दर्शाता है, जो दीर्घकालिक दृष्टिकोण, मजबूत संचालन और देश के विकास लक्ष्यों के साथ आगे बढ़ा है।
सन् 1998 में एक पोर्ट से शुरू हुई विचारधारा आज 19 पोर्ट्स और टर्मिनल्स के व्यापक नेटवर्क में बदल चुकी है, जो भारत और विदेशों तक फैला हुआ है। आज एपीएसईज़ेड देश के व्यापार, औद्योगिक विकास और वैश्विक प्रतिस्पर्धा को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभा रहा है।
इस मौके पर अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी ने कहा, “पोर्ट्स सिर्फ व्यापार के रास्ते नहीं होते, बल्कि यह देश के आत्मविश्वास, प्रतिस्पर्धा और भविष्य के द्वार भी होते हैं। मैं हमारे सभी कस्टमर्स, पार्टनर्स और एपीएसईज़ेड परिवार के हर सदस्य का आभारी हूं, जिनकी मेहनत और भरोसे से यह उपलब्धि हासिल करना संभव हुआ है। साथ ही, मैं केंद्र और राज्य सरकारों का भी धन्यवाद् करता हूं, जिनकी नीतियों और इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रति प्रतिबद्धता ने एपीएसईज़ेड की इस सफलता की मजबूत नींव रखी है।”
उन्होंने आगे कहा, “एपीएसईज़ेड का 500 मिलियन टन का आंकड़ा पार करना भारत की ग्रोथ स्टोरी में हमारे दीर्घकालिक विश्वास को दर्शाता है। इन वर्षों में हमने सिर्फ पोर्ट्स का ही निर्माण नहीं किया, बल्कि एक मजबूत और आपस में जुड़ा हुआ ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स प्लेटफॉर्म भी तैयार किया है, जिसमें पोर्ट्स, रेल, रोड, ट्रकिंग, वेयरहाउस और कार्गो गेटवे शामिल हैं। एपीएसईज़ेड का सबसे बेहतर प्रदर्शन अभी आना बाकी है, और भारत की असली रफ्तार भी आगे दिखेगी।”
500 मिलियन टन तक पहुंचने का यह सफर लगातार बढ़ते पैमाने और बेहतर कामकाज की कहानी भी कहता है। जहां पहले 100 मिलियन टन तक पहुंचने में एपीएसईज़ेड को 16 वर्ष लगे, वहीं इसके बाद हर अगला 100 मिलियन टन पहले से ज्यादा तेजी से जुड़ता गया, जो इसके बढ़ते स्केल, बेहतर दक्षता, मजबूती और कुशल रणनीति को दिखाता है।
इस उपलब्धि के साथ एपीएसईज़ेड अब अपने अगले बड़े लक्ष्य- 2030 तक 1 बिलियन टन कार्गो हैंडलिंग की ओर मजबूती से बढ़ रहा है। इस नए चरण में कंपनी का फोकस सिर्फ वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर बनाना ही नहीं, बल्कि एक ऐसी संस्था तैयार करना है, जो स्केल, सर्विस, ऑपरेशनल एक्सीलेंस और देश के विकास के उद्देश्य पर आधारित हो।



