
सूरत : पति के शक और मानसिक प्रताड़ना से परेशान विवाहिता की 181 अभयम टीम ने की मदद
शादी के बाद पति छोटी-छोटी बातों को लेकर अक्सर विवाद करते थे
सूरत। सूरत शहर क्षेत्र में रहने वाली एक विवाहिता ने पति के बार-बार होने वाले घरेलू विवाद, गाली-गलौज, शक और मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर 181 अभयम महिला हेल्पलाइन से मदद मांगी। सूचना मिलते ही 181 अभयम उमरा टीम तत्काल मौके पर पहुंची और महिला की शिकायत संवेदनशीलता से सुनकर आवश्यक सहायता, काउंसलिंग और मार्गदर्शन प्रदान किया।
महिला ने बताया कि उसकी शादी को करीब ढाई वर्ष हुए हैं और दोनों ने प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद पति छोटी-छोटी बातों को लेकर अक्सर विवाद करते, अपशब्द बोलते और उसके दैनिक जीवन में अनावश्यक रोक-टोक करते थे। महिला के अनुसार, उसे घर से बाहर जाने, कपड़े पहनने और पड़ोस की अन्य महिलाओं से बातचीत करने जैसी बातों को लेकर भी रोका जाता था।
महिला ने यह भी बताया कि पति उसके चरित्र को लेकर बार-बार शक करते थे और किसी अन्य व्यक्ति के साथ अनुचित संबंध होने की आशंका जताकर विवाद करते थे। लगातार होने वाले विवाद और इस व्यवहार के कारण वह मानसिक रूप से परेशान और तनावग्रस्त थी।
सूचना मिलने पर 181 अभयम उमरा टीम ने मौके पर पहुंचकर महिला की बात धैर्यपूर्वक, निष्पक्षता और संवेदनशीलता से सुनी। टीम ने पारिवारिक माहौल और समस्या के कारणों को समझने के बाद पति की भी काउंसलिंग की।
काउंसलिंग के दौरान पति को दांपत्य जीवन में आपसी सम्मान, विश्वास, संवाद और समझ की अहमियत समझाई गई। पत्नी के साथ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल नहीं करने, बेवजह शक के आधार पर विवाद नहीं करने तथा छोटी-छोटी बातों को गंभीर विवाद का रूप नहीं देने की समझ दी गई।
इसके साथ ही 181 अभयम टीम ने महिला को उसके कानूनी अधिकारों की जानकारी दी। घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, 2005 के तहत उपलब्ध कानूनी सुरक्षा और राहत के प्रावधानों के बारे में सामान्य मार्गदर्शन दिया गया। महिला को भविष्य में स्थिति गंभीर होने या अपनी सुरक्षा को लेकर खतरा महसूस होने पर तत्काल 181 अभयम से संपर्क करने की सलाह भी दी गई।
181 अभयम टीम की प्रभावी काउंसलिंग और पारिवारिक समझाइश के बाद पति ने आगे पत्नी के साथ अनावश्यक विवाद नहीं करने, शक के आधार पर विवाद नहीं खड़ा करने तथा प्रेम, सम्मान और समझदारी से व्यवहार करने का भरोसा दिलाया।
टीम ने दोनों पक्षों को आपसी सम्मान, विश्वास और संवाद बनाए रखने तथा भविष्य में किसी भी मतभेद का शांतिपूर्ण तरीके से समाधान करने की समझ दी। इस तरह 181 अभयम उमरा, सूरत टीम की त्वरित कार्रवाई, संवेदनशील काउंसलिंग, पारिवारिक समझाइश और कानूनी मार्गदर्शन से दंपती के बीच विवाद को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने में महत्वपूर्ण मदद मिली।



