
प्रोसेसर्स की 15 प्रतिशत रेट वृद्धि पर कपड़ा व्यापारियों में रोष
फोस्टा की बैठक में व्यापारियों ने जताई नाराजगी, बढ़ी दरों पर डिलीवरी नहीं लेने और ग्रे नहीं डालने के सुझाव
सूरत। प्रोसेसर्स द्वारा अचानक की गई रेट वृद्धि को लेकर सूरत के कपड़ा व्यापारियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। बुधवार को फेडरेशन ऑफ सूरत टेक्सटाइल ट्रेडर्स एसोसिएशन (फोस्टा) के बोर्डरूम में प्रोसेसर्स की रेट वृद्धि के मुद्दे पर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। दोपहर 3 बजे हुई बैठक में विभिन्न झोन के मार्केट अध्यक्ष, सचिव एवं प्रमुख व्यापारी शामिल हुए।
बैठक में व्यापारियों ने प्रोसेसर्स एसोसिएशन द्वारा महज तीन दिन के अंतराल में करीब 15 प्रतिशत रेट वृद्धि किए जाने पर कड़ा रोष जताया। व्यापारियों का कहना था कि बिना पर्याप्त चर्चा के इतनी बड़ी वृद्धि का भार सीधे व्यापारियों पर डालना उचित नहीं है।
बैठक में मौजूद दो झोन के पदाधिकारियों एवं व्यापारियों ने सुझाव दिया कि बढ़ी हुई दरों पर ग्रे माल नहीं डाला जाए और नई दरों पर तैयार माल की डिलीवरी भी नहीं ली जाए। फोस्टा ने बताया कि बुधवार को दो झोन के पदाधिकारियों के साथ चर्चा की गई है, जबकि गुरुवार को अन्य दो झोन के पदाधिकारियों से भी सुझाव लिए जाएंगे। इसके बाद सभी झोन के सामूहिक सुझावों के आधार पर आगे का निर्णय किया जाएगा।
चंद मिलों की मनमानी पर सवाल
व्यापारियों ने बैठक में यह भी सवाल उठाया कि अधिकांश मिलों ने फिलहाल अपनी दरों में कोई वृद्धि नहीं की है और न ही रेट बढ़ाने के संबंध में कोई आधिकारिक पत्र जारी किया है। ऐसे में कुछ मिलों द्वारा अचानक दरों में इतनी बड़ी वृद्धि किए जाने का औचित्य क्या है?
फोस्टा ने स्पष्ट किया कि संगठन व्यापारियों द्वारा लिए जाने वाले सामूहिक निर्णय के साथ खड़ा है। संगठन ने कहा कि व्यापारियों के हितों की रक्षा करना और उनके व्यापार को सुचारु बनाए रखना फोस्टा की प्राथमिकता है।



