
मुंबई। वाइब्रेंट गुजरात समिट-2027 को लेकर गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने मुंबई में उद्योग जगत के प्रमुख उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन बैठकें कीं। मुख्यमंत्री ने उद्योगपतियों को गुजरात में निवेश की संभावनाओं और राज्य की उद्योग-अनुकूल नीतियों की जानकारी देते हुए वाइब्रेंट गुजरात समिट-2027 में भागीदार बनने का आह्वान किया।
बैठक के दौरान देश के प्रमुख उद्योगपतियों ने गुजरात में निवेश को लेकर अपने अनुभव साझा किए और भविष्य की योजनाओं की जानकारी दी।

गुजरात में ईवी और गिफ्ट सिटी में अवसरों पर चर्चा : आनंद महिंद्रा
महिंद्रा ग्रुप के आनंद महिंद्रा ने कहा कि गुजरात में निवेश को लेकर उनकी पहली बैठक तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ इसी कमरे में हुई थी। उस समय नरेंद्र मोदी की दूरदृष्टि से वे प्रभावित हुए थे। उन्होंने मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के साथ हुई चर्चा को भी सकारात्मक बताते हुए कहा कि महिंद्रा ग्रुप के साथ गुजरात में इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) और गिफ्ट सिटी क्षेत्र में नए अवसर तलाशने पर सार्थक चर्चा हुई। निवेश, सहयोग और विकास के नए रास्तों पर भी विचार किया गया।
गुजरात की शिपिंग नीति सराहनीय : निखिल मर्चेंट
स्वान कॉरपोरेशन के एमडी निखिल मर्चेंट ने कहा कि गुजरात में कंपनी के संचालन के विस्तार और आधुनिकीकरण को लेकर सकारात्मक चर्चा हुई। कंपनी के बढ़ते अंतरराष्ट्रीय कारोबार को देखते हुए बेहतर कनेक्टिविटी और नजदीकी एयरपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर की जरूरत पर भी मुख्यमंत्री के साथ चर्चा की गई। उन्होंने गुजरात की शिपिंग नीति की सराहना करते हुए कहा कि राज्य उद्योग आधारित विकास और निवेश को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।

मजबूत टेक्सटाइल इकोसिस्टम से नए निवेश की तैयारी : दीपाली गोयनका
वेल्सपन इंडिया लिमिटेड की सीईओ दीपाली गोयनका ने कहा कि गुजरात के वैश्विक टेक्सटाइल क्षेत्र में नेतृत्व को और मजबूत करने को लेकर चर्चा हुई। राज्य के मजबूत टेक्सटाइल इकोसिस्टम और उद्योग-अनुकूल नीतियों का लाभ उठाकर विकास, निर्यात और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए नए निवेश और विस्तार की संभावनाओं पर विचार किया गया।

दिसंबर में कॉपर रीसाइक्लिंग प्लांट के उद्घाटन पर चर्चा : सतीश पाई
हिंडाल्को के एमडी सतीश पाई ने बताया कि गुजरात के औद्योगिक और मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम में मौजूद संभावनाओं पर चर्चा हुई। इसमें कॉपर रीसाइक्लिंग, ई-वेस्ट मैनेजमेंट और सर्कुलर इकोनॉमी जैसी पहल शामिल हैं। दिसंबर में कॉपर रीसाइक्लिंग प्लांट के उद्घाटन को लेकर भी चर्चा हुई। संभावित निवेश और टिकाऊ औद्योगिक गतिविधियों के जरिए गुजरात को प्रमुख कॉपर डेस्टिनेशन के रूप में मजबूत करने के उपायों पर विचार किया गया।

हजीरा में अतिरिक्त 10 हजार करोड़ निवेश की योजना
AMNS के सीईओ अमित हरलालका ने कहा कि कंपनी गुजरात में अपनी महत्वाकांक्षी निवेश योजनाओं को आगे बढ़ा रही है। कंपनी जून तक करीब 80 हजार करोड़ रुपए का निवेश पूरा करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। इसके अलावा हजीरा में मुख्य रूप से नवीकरणीय ऊर्जा और बैटरी स्टोरेज क्षेत्र में 10 हजार करोड़ रुपए के अतिरिक्त निवेश की योजना है।
उन्होंने गुजरात में 25 मिलियन टन वार्षिक क्षमता वाला दुनिया का सबसे बड़ा स्टील प्लांट विकसित करने के कंपनी के विजन की भी जानकारी मुख्यमंत्री को दी।



