
यूपीआई पर 0.4 प्रतिशत एमडीआर को लेकर कैट सरकार से चर्चा करेंगी
2 हजार की सीमा बढ़ाकर 10 हजार करने की मांग, छोटे व्यापारियों और उपभोक्ताओं को राहत देने का आग्रह
सूरत। 15 अक्टूबर से 2,000 से अधिक के चुनिंदा यूपीआई मर्चेंट लेन-देन पर 0.4 प्रतिशत मर्चेन्ट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) लागू होने के प्रस्ताव को लेकर कैट गुजरात के चेयरमैन प्रमोद भगत सरकार के साथ चर्चा करेंगे। उन्होंने एमडीआर की मौजूदा सीमा में बदलाव कर छोटे व्यापारियों और आम उपभोक्ताओं के हित में निर्णय लेने की मांग की है।
प्रमोद भगत ने कहा कि सरकार का निर्णय ऐसा होना चाहिए, जिससे व्यापारियों, उपभोक्ताओं और देशहित को लाभ मिले। उन्होंने 2,000 की सीमा बढ़ाकर 10,000 तथा मासिक 1 लाख की सीमा बढ़ाकर 10 लाख करने का सुझाव दिया है।
उन्होंने कहा कि यूपीआई से जुड़े अतिरिक्त खर्च को लेकर कुछ पेट्रोल पंप संचालकों ने यूपीआई के बजाय नकद लेन-देन शुरू करने का निर्णय लिया है। कैट गुजरात ने पेट्रोल पंप संचालकों के इस मुद्दे और उनके हितों के समर्थन की बात कही है। वर्तमान घोषित व्यवस्था में एमडीआर का भुगतान व्यापारी पक्ष द्वारा किया जाना है और बैंकों को इसे सीधे ग्राहकों पर डालने से रोकने के निर्देश दिए गए।



