
मुंबई-सूरत की औद्योगिक ताकत का मिलन, एसजीसीसीआई – बीआईए के बीच ऐतिहासिक एमओयू
अशोक जीरावाला बोले- मुंबई और सूरत प्रतिद्वंद्वी नहीं, एक ही सिक्के के दो पहलू; दोनों की ताकत से देश की अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई गति
सूरत। दक्षिण गुजरात और महाराष्ट्र के कारोबारी रिश्तों को नई मजबूती देने की दिशा में द सदर्न गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री और मुंबई के बॉम्बे इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के बीच ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन हुआ। मंगलवार को मुंबई के अंधेरी स्थित ‘द क्लब’ में आयोजित एसजीसीसीआई बिजनेस डेलीगेशन टू मुंबई कार्यक्रम में दोनों संस्थाओं ने एमओयू के दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया।
इस अवसर पर बीआईए अध्यक्ष डॉ. राजेश दोशी, एसजीसीसीआई अध्यक्ष अशोक जीरावाला सहित मुंबई और दक्षिण गुजरात के प्रमुख उद्योगपति एवं बिजनेस लीडर्स मौजूद रहे।
अशोक जीरावाला ने कहा कि मुंबई और सूरत को प्रतिस्पर्धी के रूप में देखने के बजाय दोनों शहरों की ताकत को एक साथ जोड़ने की जरूरत है। मुंबई फाइनेंस, ग्लोबल कनेक्टिविटी और बड़े बाजार का केंद्र है, जबकि सूरत मैन्युफैक्चरिंग, उद्यमिता और उत्पादन क्षमता का पावरहाउस है। दोनों की ताकत मिलकर देश के आर्थिक विकास को नई दिशा दे सकती है।
उन्होंने कहा कि यह एमओयू केवल एक समझौता नहीं, बल्कि दोनों शहरों के उद्योग जगत के बीच विश्वास और सहयोग की नई शुरुआत है। एमओयू के तहत बिजनेस डेलीगेशन, वन-टू-वन बिजनेस मीटिंग, इंडस्ट्री विजिट और नॉलेज शेयरिंग जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इससे दोनों शहरों के उद्योगपतियों को नए व्यापारिक अवसर और नेटवर्किंग के साथ बाजार विस्तार में मदद मिलेगी। कार्यक्रम में एसजीसीसीआई उपाध्यक्ष रवि राज देसाई, मानद मंत्री परेश लाठिया, चैंबर एवं बीआईए के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में उद्योगपति उपस्थित रहे। बिजनेस सत्र के बाद परिवारों के साथ नवरात्रि सेलिब्रेशन भी आयोजित किया गया।



