
सूरत : दक्षिण गुजरात के इतिहास में पहली बार आयोजित अंतरराष्ट्रीय स्तर के ‘ग्लोबल ट्रैवल ट्रेड फेयर (GTTF)-2026’ का मंगलवार को सरसाणा स्थित सूरत इंटरनेशनल एग्जीबिशन एंड कन्वेंशन सेंटर में भव्य शुभारंभ हुआ। दक्षिण गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (SGCCI) एवं TAAPI ट्रैवल एक्सपो (TTE)-2026 के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय बी2बी प्रदर्शनी का उद्घाटन गुजरात विधानसभा के उपाध्यक्ष एवं सूरत पश्चिम के विधायक पूर्णेश मोदी ने किया।
उद्घाटन समारोह के दौरान ‘एग्जीबिटर्स गाइड’ तथा ‘GTTF-2027’ के ब्रोशर का डिजिटल लोकार्पण भी किया गया। इस अवसर पर सोहागिया टूर्स एंड ट्रैवल्स के प्रबंध निदेशक कांतिलाल सोहागिया विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
समारोह को संबोधित करते हुए पूर्णेश मोदी ने कहा कि भारत के प्राकृतिक, धार्मिक और साहसिक पर्यटन स्थलों को बढ़ावा देने के लिए घरेलू पर्यटन को प्राथमिकता देना समय की आवश्यकता है। इससे भारतीयों का धन देश में ही रहेगा और पर्यटन उद्योग के माध्यम से असंगठित क्षेत्र में बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। उन्होंने कहा कि पर्यटन केवल आर्थिक गतिविधि नहीं, बल्कि सांस्कृतिक आदान-प्रदान और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम भी है।
उन्होंने कहा कि दुनिया के कई देशों की अर्थव्यवस्था पर्यटन पर आधारित है और स्टैच्यू ऑफ यूनिटी जैसे पर्यटन स्थलों ने गुजरात को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान दिलाई है।
चैंबर अध्यक्ष अशोक जीरावाला ने कहा कि भारत का ट्रैवल उद्योग तेजी से डिजिटल हो रहा है। वर्तमान में 75 प्रतिशत से अधिक ट्रैवल बुकिंग और सर्च सोशल मीडिया, मोबाइल ऐप और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से हो रही है। टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी डिजिटल माध्यम से पर्यटन के प्रति लोगों की रुचि तेजी से बढ़ी है।
उन्होंने कहा कि ग्लोबल ट्रैवल ट्रेड फेयर-2026 केवल एक प्रदर्शनी नहीं, बल्कि वैश्विक पर्यटन उद्योग को एक मंच पर लाने वाला अंतरराष्ट्रीय आयोजन है। इसके माध्यम से बी2बी और बी2सी नेटवर्किंग के नए अवसर उपलब्ध होंगे। प्रदर्शनी में देश-विदेश के पर्यटन स्थलों, आधुनिक ट्रैवल सेवाओं और नई ट्रैवल टेक्नोलॉजी का प्रदर्शन किया जा रहा है, जिससे सूरत और दक्षिण गुजरात में पर्यटन एवं व्यापार के नए आयाम विकसित होंगे।
सोहागिया टूर्स एंड ट्रैवल्स के प्रबंध निदेशक कांतिलाल सोहागिया ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था में पर्यटन उद्योग का योगदान अब 13 प्रतिशत से अधिक हो चुका है, जबकि कुछ वर्ष पहले यह केवल 3 से 4 प्रतिशत था। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र और अधिक तेजी से विकसित होगा।
कार्यक्रम के अंत में चैंबर के उपाध्यक्ष रविराज देसाई ने आभार व्यक्त किया। समारोह में चैंबर के पदाधिकारी, पूर्व अध्यक्ष, विभिन्न समितियों के अध्यक्ष, उद्योग जगत के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में प्रदर्शकों ने भाग लिया।



