
सूरत/हजीरा। सूरत में बाढ़ के बाद प्रभावित क्षेत्रों में जनजीवन को सामान्य बनाने के लिए अदाणी हजीरा पोर्ट लिमिटेड (एएचपीएल) की फायर टीम ने 65 घंटे तक लगातार सफाई अभियान चलाया। यह अभियान सूरत नगर निगम (एसएमसी) के अनुरोध पर शुरू किया गया, जिसमें टीम ने बाढ़ से प्रभावित सड़कों और गलियों से कीचड़ व गंदगी हटाकर लोगों को राहत पहुंचाई।
जानकारी के अनुसार, 10 जुलाई की सुबह करीब 3:30 बजे एसएमसी से आपातकालीन कॉल मिलने के बाद एएचपीएल की फायर टीम फायर टेंडर के साथ डुंभाल फायर स्टेशन पहुंची। वहां से टीम को जीआईडीसी के पास स्थित बाबा सीता राम सोसायटी और पांडेसरा के मारुति नगर क्षेत्र में तैनात किया गया। बाढ़ के बाद सड़कें और अंदरूनी गलियां कीचड़, मिट्टी और गंदे पानी से भर गई थीं, जिससे लोगों की आवाजाही पूरी तरह प्रभावित हो गई थी।
सफाई अभियान के दौरान पानी की कमी और रास्तों में अवरोध जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद टीम ने करीब 12 किलोमीटर दूर से बार-बार पानी लाकर सफाई का काम जारी रखा। रोटेशन आधारित शिफ्ट में लगातार 65 घंटे तक चले इस अभियान के दौरान लगभग 15 से 17 किलोमीटर लंबी सड़कों और गलियों को दोबारा उपयोग के योग्य बनाया गया।
इस अभियान से न केवल आवागमन बहाल हुआ, बल्कि गंदे पानी और कचरे की सफाई होने से सार्वजनिक स्वास्थ्य संबंधी जोखिम भी कम हुए। स्थानीय नागरिकों और प्रशासनिक अधिकारियों ने एएचपीएल की फायर टीम की तत्परता, समर्पण और सेवा भावना की सराहना की।
कंपनी का कहना है कि आपदा की घड़ी में स्थानीय समुदायों के साथ खड़े रहना उसकी सामाजिक प्रतिबद्धता का हिस्सा है। यह पहल क्षेत्र की सुरक्षा, स्वच्छता और सामुदायिक सहयोग के प्रति एएचपीएल की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।



