
कमला बीमारी नहीं, लिवर की गंभीर समस्या का संकेत; फैटी लिवर से सिरोसिस का खतरा: विशेषज्ञ
सूरत। सदर्न गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री की ओर से ‘कमला: भ्रम और हकीकत’ विषय पर जागरूकता सत्र आयोजित किया गया। प्रमुख वक्ता गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. प्रवीण बरसोदिया ने कहा कि कमला (जॉन्डिस) कोई बीमारी नहीं, बल्कि लिवर की गंभीर समस्या का एक लक्षण है।
उन्होंने बताया कि केवल गन्ने का रस या ग्लूकोज लेने की सलाह गलत है। मरीज को प्रोटीनयुक्त संतुलित आहार लेना चाहिए। वहीं हल्दी या पीले रंग का भोजन खाने से कमला बढ़ता है, यह भी महज भ्रम है। शराब लिवर को गंभीर नुकसान पहुंचाती है और कमला के दौरान इसका सेवन जानलेवा हो सकता है।
डॉ. बरसोदिया ने फैटी लिवर को लेकर भी चेताया। उन्होंने कहा कि लिवर में 5% से अधिक वसा जमा होने पर फैटी लिवर की समस्या होती है, जिसका समय पर इलाज नहीं होने पर लिवर सिरोसिस का खतरा बढ़ जाता है। इससे बचाव का सबसे प्रभावी उपाय शरीर का लगभग 10% वजन कम करना और नियमित व्यायाम करना है।
कार्यक्रम में चैंबर के पदाधिकारियों, चिकित्सकों, सदस्यों और बड़ी संख्या में नागरिकों ने भाग लिया।


